एक ही शख्स की औलाद थे दोनो
कुछ हिंदु हो गये कुछ मुस्लमा हो गये
वो अंग्रेज आये बटवारा कर गये
कुछ पाकिस्ता हो गये कुछ हिंदोस्ता हो गये

….. विवेक